पूरे विश्व में 10 प्रतिशत लोगों की किडनी दुष्प्रभावित हो रही है। 80 करोड़ से भी ज्यादा लोग किडनी रोग से ग्रस्त हैं। ज्यादा उम्र वाले, डायबिटीज तथा उच्चरक्तचाप जन्य यानि तीनों प्रकार के लोगों को सर्वाधिक सावधान रहना चाहिए। अनुचित आहार, विहार एवं विचार के कारण ऐसे लोगों में किडनी रोग महामारी का रूप धारण करता जा रहा है। प्रत्येक दस लाख में आठ सौ लोग क्रोनिक किडनी डिजीज (सी.के.डी.) तथा 150-200 लोग एण्ड स्टेज ऑफ किडनी रोग से ग्रस्त है। कुछ असमर्थ लोग डायलाइसिस, किडनी प्रत्यारोपण दोनों की व्यवस्था नहीं कर पाने के जद्दोजहद में मौत की प्रतिक्षा में है। ऐसी स्थिति में किडनी रोग की जानकारी देना तथा उससे बचने का उपाय बताना अति जरूरी है।